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रविवार, 25 अक्टूबर 2026 · रात 12:41 · नई दिल्ली संस्करण

मध्य प्रदेश में आम आदमी के लिए मुश्किल हुआ स्वास्थ्य सेवा पाना : कमलनाथ

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन6 बार पढ़ा गया
मध्य प्रदेश में आम आदमी के लिए मुश्किल हुआ स्वास्थ्य सेवा पाना : कमलनाथ

भोपाल। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर बड़ा सवाल उठाते हुए कहा कि प्रदेश के आम आदमी के लिए स्वास्थ्य सेवाएं पाना आसान नहीं रहा है। मध्य प्रदेश में आम लोगों के लिए स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्त करना असंभव होता जा रहा है।

विधानसभा में पेश किए गए तथ्य बताते हैं कि भोपाल में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए मरीजों से कई गुना पैसे वसूले जा रहे हैं।

सरकारी अस्पतालों की स्थिति का जिक्र करते हुए कांग्रेस नेता कमलनाथ ने कहा कि यह ज्ञात तथ्य है कि सार्वजनिक अस्पतालों में बड़ी संख्या में समाज के कमजोर तबके के लोग उपचार कराने आते हैं। ऐसे में इन गरीब लोगों से जांच की कई गुना फीस वसूलना एक तरह से सरकारी संरक्षण में की जा रही लूट है।

उन्होंने कहा कि एक तरफ सरकार हर महीने यह कहकर कई हजार करोड़ कर्ज लेती है कि उसके पास वित्तीय संकट है तो दूसरी तरफ सरकार निजी कंपनियों को करोड़ों रुपया फालतू का दे रही है।

सरकारी तंत्र में बढ़ते भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कमलनाथ ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं का संकट हो या वित्तीय संकट, समस्या की जड़ें सरकार के संरक्षण में चल रहा भ्रष्टाचार और फिजूलखर्ची है।

पूरे प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में जहां इस तरह की व्यवस्था चल रही है, उसकी विस्तृत जांच कराई जाए और आम आदमी के साथ हो रही लूट तथा सरकारी खजाने में हो रहे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाया जाए।

दरअसल, विधानसभा में कांग्रेस विधायक जयवर्धन सिंह द्वारा राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर एक सवाल पूछा गया था जिसमें एक बात खुलकर सामने आई कि सरकारी अस्पतालों में आने वाले मरीजों की जांच का काम एक निजी कंपनी को सौंपा गया है। इस कंपनी ने एक ही जांच की अलग-अलग दर से वसूली की। इस कंपनी ने लगभग चार साल में 13 करोड़ मरीजों की जांच की और सरकार से 943 करोड़ रुपए लिए।

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