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शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 · दोपहर 12:19 · नई दिल्ली संस्करण

जींद : बधाना के छोरे नेे वायु सेना में फाइटर पायलट बन सपनों को किया साकार

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन4 बार पढ़ा गया

जींद, । अलेवा खंड के गांव बधाना निवासी 22 वर्षीय आशीष खटकड़ का

तीन साल महाराष्ट्र के खडग़वासला व एक साल की हैदराबाद में ट्रेनिंग के बाद

वायु सेना में फाइटर पायलट के पद पर चयन हुआ है। व सोमवार को अपने गांव

बधाना में पहुंचे तो गांव वालों ने उसका फूल मालाओं के साथ स्वागत किया।

भारतीय वायु सेना में फाइटर पायलट बनकर आशीष खटकड़ ने अपने गांव का ही

नहीं, बल्कि पूरे हरियाणा का नाम रोशन किया है।

फाइटर पायलट आशीष

खटकड़ ने बताया कि उनके पिता सरकारी अध्यापक के पद पर कार्यरत है। जबकि

माता महिद्रों देवी ग्रहणी है। उन्होंने बताया कि उसने 10 वीं तथा 12वीं

कक्षा नगूरां गांव के सरस्वती पब्लिक स्कूल से पास की थी। उनका बचपन में ही

सपना था कि वह सेना में एक बड़ा अधिकारी बने, क्योंकि उनके परिवार में आज

तक कोई बड़ा अधिकारी नहीं रहा। उन्होंने बताया कि मार्च 2020 को उनका एनडीए

में चयन हो गया। तीन साल की कड़ी मेहनत के बाद 30 मई 2023 को पास आऊट हुआ।

उसके एक साल बाद हैदराबाद में फलाइंग की ट्रेनिंग के बाद 15 जून 2024 को

फलाइंग आफिसर की शपथ के साथ फाइटर पायलट के तौर पर कमीशन प्राप्त हुआ।

ट्रेनिंग के दौरान उसका स्थान टाप 5 में रहा।

सोमवार को

आशीष खटकड़ के पिता बिजेंद्र खटकड़ ने बताया कि उसकी पोस्टिंग इस समय

कर्नाटक के बिधर में है। उसका सपना बेटे को सेना में उच्च अधिकारी के पद पर

देखने का था। आशीष ने उसके सपने को आज पूरा कर दिखाया। पिता बिजेंद्र ने

बताया कि कभी-कभी बचपन की बातें बच्चों के जहन में ऐसी घर कर जाती है, कि

बड़े होने पर वही उनका जुनून बन जाती है। एक ऐसा ही जुनून आशीष में देखने

को मिला। पांच साल की उम्र में ही आशीष को फाइटर जहाज देखने का बड़ा शौक

था। बचपन में ही उसने फाइटर पायलट बनने की ठान ली थी और आज 22 साल बाद उसने

अपना सपना पूरा कर दिखाया है।

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